
गांधीनगर: गुजरात के वरिष्ठ आदिवासी नेता और 10 बार विधायक रहे मोहनसिंह राठवा का 82 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उन्होंने अपने पैतृक गांव उमरवा में अंतिम सांस ली।
पिछले चार वर्षों से अस्वस्थ रहने के कारण वे सक्रिय राजनीति से दूर थे। उनके निधन से गुजरात के राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
मोहनसिंह राठवा ने लंबे समय तक आदिवासी समाज के अधिकारों और विकास के लिए कार्य किया। लगातार दस बार विधायक चुने जाने के दौरान उन्होंने राज्य की राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाई।
उनके निधन पर विभिन्न राजनीतिक दलों और सामाजिक संगठनों ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है।